सर्दियों मे फूलों के पौधे लगाने के बाद क्या करे ?यह सवाल हर उस व्यक्ति मे मन मे आता है जो ठंड के मौसम मे अपने बगीचे में फूलों के पौधे लगाता है | लिए लोग अपने गार्डनों में रंग- बिरंगे फूलों से चमकाने के लिए अक्टूबर और नवंबर के आसपास अलग-अलग winter flowering plants को लगाते हैं लेकिन पौधे को लगाने के बाद सिर्फ पानी देना ही काफी नहीं होता है सही धूप, मिट्टी और खाद भी देना आवश्यक होता है। ऐसी छोटी-छोटी बातों का ध्यान रखना भी बहुत ज़रूरी होता है |
पौधों की देखभाल को लेकर अगर आपके मन में भी यह सवाल उठता है तो इस लेख में हम, पौधा लगाने के बाद की ज़रूरी देखभाल को आसान तरीके से समझेंगे ताकि सही देखभाल मिलने पर पौधे स्वस्थ और ग्रोथ करें और उसमें नवंबर-दिसंबर के मौसम में अच्छी फ्लावरिंग भी हो सके।
हम अपनी नर्सरी मे सर्दियों के मौसम मे किस प्रकार से पौधे की देखभाल करते है और आपको भी किन किन बातों का ध्यान रखना चाहिएं, इस लेख के माध्यम से हम देखेगे |
सर्दियों मे फूलों के पौधे लगाने के बाद शुरुआती दिनों मे क्या करें?
जब भी आप नर्सरी से कोई फ्लावरिंग प्लांट लाकर उसे गमले या जमीन में लगाते हैं तो पौधे को नई जगह में थोड़ा एडजस्ट होने में समय लगता है। अगर आप उस पौधे को बार-बार इसकी एक जगह से दूसरी जगह बदलते हैं और जरूरत से ज़्यादा उसमें पानी देते हैं तुरंत, बहुत ज़्यादा खाद डालते हैं तो पौधे लगातार अच्छे होने के बजाय वह खराब होने लगते हैं।
पौधे लगाने के बाद सबसे पहले इन चीजों पर ध्यान दें:
- मिट्टी अच्छी तरह से स्टील हो गई है या नहीं
- अतिरिक्त पानी बाहर निकल रहा है या नहीं
- , पौधे को पर्याप्त रोशनी मिल रही है या नहीं
- , पत्तियाँ मुरझा तो नहीं रही हैं
- , पौधे की नई ग्रोथ कैसी है
हम जब अपने नर्सरी से पौधे देते हैं तो यही सलाह देते हैं कि वह पौधे को ले जाकर के पहले दो से तीन दिन तक उसे ऐसे ही रख दें ताकि वह धीरे-धीरे वहाँ के वातावरण में एडजस्ट हो जाए, लोग पौधों की सीधा ले जाकर ऐसे ही लगा देते है जो की गलत तरीका है आप को सबसे पहले उसको थोडा समय दे फिर उसको गमले या जमीन में कहीं पर भी अच्छी मिट्टी डालकर के उसको अच्छी तरह से लगाकर के उसको ऐसी जगह पर रख दें जहाँ कि उसको थोड़ी रोशनी भी मिले और पानी उसमें बराबर देते रहें ताकि वह पौधा धीरे-धीरे ग्रोथ होना चालू हो जाए और उसमें फूल भी बहुत ज़्यादा आने लगें। इस प्रकार की छोटी सी देखभाल से आपके बागानों और घरों में छोटे-छोटे रंग-बिरंगे फूल बहुत ही आसानी से खिलने लगते हैं।
हम पौधे देते समय इन चीजों को करने की सलाह ग्राहक को देते है |
1. पौधा लगाने के बाद पानी सही मात्रा में दें
आप भी सर्दियों के मौसम में विंटर फ्लावर्स प्लांट्स लगाते हैं तो इन पौधों की देखभाल के लिए पानी सबसे महत्वपूर्ण चीजों में से एक माना जाता है लेकिन इसका मतलब यह भी नहीं है कि पानी आपको रोज ही देना है पानी देने से पहले आप मिट्टी की नमी को चेक करेंगे अगर ऊपर की मिट्टी भी गीली दिखाई पड़ती है तो तुरंत आपको दोबारा पानी देने की जरूरत नहीं हो सकती वहीं अगर मिट्टी सूखने लगी है और पौधे को पानी की जरूरत है तो आप पर्याप्त मात्रा में पानी दे दीजिए ताकि पौधे की जड़ों में पानी जाकर नमी बना सके और पौधे को स्वस्थ रख सके पानी इसलिए भी जरूरी है क्योंकि पौधे की ग्रोथ में सबसे बड़ा योगदान पानी का ही होता है पानी अगर समय-समय पर ना दिया जाए तो पौधे ना तो उसमें ग्रोथ होगी और ना उसमें फूल कभी आ पाएंगे और पौधे धीरे-धीरे खराब हो जाएंगे ,सर्दियों मे पानी कब दे |
ध्यान रखें
बहुत ज्यादा पानी= हमेशा ज्यादा ग्रोथ नहीं होता है
लगातार गीली मिट्टी और खराब रिज्यूमनेस पौधे के लिए खराब होती है गमले में लगे सभी पौधे में आपको छोटा सा होल करना जरूरी है ताकि जो अतिरिक्त पानी है वो आसानी से बाहर निकल जाए जिससे आपके पौधे स्वस्थ रहें क्योंकि पानी जमने के कारण पौधे तुरंत खराब होकर खत्म हो जाते हैं इसलिए आपको पानी का विशेष ध्यान रखना है कि पानी कब देना है और कब नहीं देना है इसका कोई समय नहीं है आपको सिर्फ मिट्टी पर ध्यान रखना है कि मिट्टी कैसी है रोज पानी डालने का ऐसा कोई नियम नहीं होता है अगर मिट्टी गीली है तो पानी न डालें और मिट्टी सूखी है तो पानी थोड़ा डाल दें।
2. सर्दियों के फूलों को पर्याप्त धूप दें
Winter flowering plants की अच्छी growth और बहुत सारे flowering के लिए sunlight बहुत जरूरी माना गया है
जब आप सर्दियों के फूलों वाले पौधे को लगा देते हैं, तो उस पौधे को लगाने के बाद उसे ऐसी जगह पर रखना चाहिए जहाँ उसे जरूरत के अनुसार पर्याप्त रोशनी मिल सके। अगर पौधे को बहुत ज़्यादा छाया में आकर रखते हैं तो उसकी ग्रोथ कमजोर हो जाएगी, उसमें फूल भी आना बंद हो सकते हैं। लेकिन जब आप किसी नर्सरी से नया पौधा ले जाकर लगाते हैं तो उसकी स्थिति और मौसम को देखते हुए से आप एडजस्ट होने का थोड़ा समय दें और ऐसी जगह रखें कि वह बिल्कुल ही परेशान न हो और अच्छी तरह से सेट हो जाए।
मैं जब अपनी Nursery में ऐसे winter plants को हमेशा धूप में ही रखता हूँ तकि ये सब पौधे अच्छी तरह से फूल दे सके, इन मे से कुछ फूलों के नाम इस प्रकार है |
- गेंदा
- पेटूनिया
- गुलड़ावरी
- अस्तर
- पेनजी
- डाहलीय
- गजेनिया
- बरबीन
- टोरनिया
- डेनथस
3. मिट्टी मे पानी को जमा ना होने दे
सर्दियों के मौसम में फूलों के पौधे को लगाने के बाद आपको सिर्फ ऊपर से पौधा देखना काफ़ी नहीं होता है, मिट्टी की स्थिति भी देखना बहुत ज़रूरी होता है। अगर गमले में पानी लंबे समय से जमा होने लगेगा तो जड़ों के आसपास नमी बनेगी, जिसके कारण जड़ें जो हैं धीरे-धीरे खराब हो जाएंगी। इसलिए आपको विशेष ध्यान देना है कि जिस गमले में आप पौधे को लगा रहे हैं उसमें पानी बिल्कुल भी न जमा हो। पानी तुरंत बाहर निकल जाना चाहिए।
अगर आप पौधे को ज़मीन में भी लगा रहे हैं तो उसके आसपास पानी जमा न होने दें क्योंकि लगातार पानी जमा होने से जड़ों को बहुत ज़्यादा नुकसान होने लगता है, जिससे कि पौधे की पत्तियों पर उनका खास प्रभाव पड़ता है, पत्तियां पीली होने लगती हैं और वह धीरे-धीरे खराब होने लगती हैं। उसके बाद उसमें ना ही फूल आते हैं, ना ही फिर नए पत्ते आते हैं। इसलिए आपको मिट्टी में पानी का विशेष ध्यान देना होगा।
4. पौधो को संभलने के बाद ही खाद दें
नया पौधा लगाने के बाद तुरंत खाद डालना जरूरी नहीं होता है। जब आप किसी पौधे को नर्सरी से लाकर अपने घर के गार्डन या गमले में लगाते हैं, तो पौधे को नई जगह की मिट्टी और वातावरण में अच्छी तरह से सेट होने के लिए थोड़ा समय देना चाहिए।
पौधा लगाते समय या लगाने के तुरंत बाद उसमें तेज खाद या फर्टिलाइजर डालने से बचें। नर्सरी से पौधा निकालते समय उसकी जड़ें थोड़ी डिस्टर्ब हो जाती हैं और नई जगह पर उन्हें दोबारा मिट्टी में पकड़ बनाने में समय लगता है। इस समय पौधे को खाद देने के बजाय सही मिट्टी, उचित पानी और जरूरत के अनुसार रोशनी देना ज्यादा जरूरी होता है।
मैं अपनी नर्सरी में भी किसी नए लगाए गए पौधे को तुरंत खाद नहीं देता हूँ। पहले पौधे को अच्छी तरह से देखता हूँ कि वह नई जगह पर कैसे सेट हो रहा है, उसकी जड़ों ने मिट्टी पकड़ ली है या नहीं और नई ग्रोथ आ रही है या नहीं। इसके बाद जरूरत होने पर कंपोस्ट या उपयुक्त फर्टिलाइजर का इस्तेमाल किया जाता है।
सामान्य तौर पर पौधा लगाने के करीब 15 से 20 दिन बाद खाद देने पर विचार किया जा सकता है, लेकिन यह समय हर पौधे के लिए एक जैसा नहीं होता। इसलिए सिर्फ दिन गिनकर खाद न दें। पहले पौधे की स्थिति देखें और जब पौधा स्वस्थ दिखाई दे तथा नई ग्रोथ शुरू हो जाए, तभी उसकी जरूरत के अनुसार पोषण दें।
5. सूखे फूल और खराब पत्तीयां हटाते रहें
जब आपके छोटे-छोटे पौधों में फूल आने लगे तो उन पौधों का आपको विशेष रूप से ध्यान देना चाहिए। जब उन पौधों में एक बार फूल खिल जाए और सूखने लगे तो उन सूखे हुए फूलों को आपको समय-समय पर हटाते रहना है। इसी तरह पीली, सुखी, खराब पत्तियों को भी आपको पौधे से निकालते रहना है। इससे पौधों की सफाई बनी रहती है और पौधे को अच्छी तरह से ऊर्जा, धूप, पानी और नई ग्रोथ और फूलों की तरफ जाने में मदद मिलती है। इसे नियमित रूप से करने से पौधे देखने में बहुत ज़्यादा साफ, सुंदर और चमकदार लगते हैं। इसलिए आपको यह विशेष रूप से ध्यान देना चाहिए।
6. ज्यादा ठंड और पाले से पौधों को बचाएं
सर्दियों के मौसम में कुछ छोटे और नाजुक पौधों को रात के समय विशेष ध्यान देने की जरूरत होती है। अगर बहुत ज्यादा ठंड पड़ रही हो या पाला पड़ने की संभावना हो, तो रात के समय इन पौधों को किसी सुरक्षित जगह पर रखना चाहिए। क्योंकि छोटे और नाजुक पौधे ज्यादा ठंड और पाले को आसानी से सहन नहीं कर पाते हैं और खराब भी हो सकते हैं।
लेकिन इसका मतलब यह बिल्कुल नहीं है कि पौधों को पूरी सर्दी घर के अंदर ही रख दें। जब मौसम सामान्य हो जाए और धूप निकलने लगे, तो पौधों को दोबारा बाहर रखना जरूरी है। पौधों को मौसम के अनुसार रोशनी और धूप मिलती रहनी चाहिए, तभी उनकी ग्रोथ अच्छी बनी रहेगी।
7. कीड़े और बीमारी की शुरुआत में ही पहचान करें
सर्दियों के मौसम में फूलों के पौधों पर कई तरह के कीट और रोग दिखाई देने लगते हैं, इसलिए इस समय पौधों की नियमित जांच करना बहुत जरूरी है। सिर्फ ऊपर से पत्तियों को देखना ही काफी नहीं है, बल्कि पत्तियों के नीचे की तरफ भी ध्यान से देखना चाहिए, क्योंकि कई छोटे-छोटे कीट वहीं छिपे रहते हैं।
अगर पत्तियाँ पीली पड़ने लगें, चिपचिपी दिखाई दें, पत्तियों या तनों पर छोटे-छोटे कीड़े नजर आएँ या अचानक काले धब्बे दिखाई देने लगें, तो इन लक्षणों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। सबसे पहले समस्या को पहचानें और उसके बाद पौधे के अनुसार उचित उपचार करें।
अगर आप शुरुआत में ही कीट या रोग की पहचान कर लेते हैं, तो उसे फैलने से रोकना आसान होता है और आपका पूरा पौधा खराब होने से बच सकता है। लेकिन अगर समय रहते ध्यान नहीं दिया गया, तो धीरे-धीरे पत्तियाँ खराब हो सकती हैं और समस्या पूरे पौधे में फैल सकती है।
मै अपनी नर्सरी मे इन बातों पर विशेष रूप से ध्यान देता हुं ताकि पौधों पर किसी भी तरह के किट या बीमारी ना लगे, क्योंकि वे कीड़े फूलों और पत्तियों को खराब कर देते है |
8. पौधों के बीच मे थोड़ा जगह रखना
जब आप बहुत सारे पौधे Nursery से खरीद कर ले लिए जाते हैं तो उसे एकदम पास-पास गमले या गार्डन में लगा देते हैं, जिसके कारण वो बड़े होने के बाद आपस में चिपकने लगते हैं, जिसके कारण उसमें हवा का प्रवेश नहीं हो पाता है, उसके कारण पौधे को नुकसान होने लगता है। इसलिए दोनों या पौधों के बीच में उनकी जरूरत के अनुसार आपको थोड़ा जगह रखना है, क्योंकि पौधों को हवा और रोशनी अच्छी तरह से मिलना बहुत ज़रूरी है।
क्योंकि उनकी पत्तियाँ अगर पानी से गीली हो जाएंगी और उसमें हवा नहीं लगे, पत्तियाँ सूखेंगी नहीं तो वह पत्तियाँ खराब होकर पीली होकर नीचे गिरने लगेंगी, जिससे कि पौधा पूरा तरह से खराब हो जाएगा। इसलिए उसमें हवा का प्रवेश बहुत ज़रूरी है, इसलिए आपको विशेष रूप से ध्यान देना है कि पौधे जब भी लगाएँ आप गमले में या गार्डन में तो थोड़ा सा स्पेस देकर ही लगाएँ, जिससे कि वो पौधा खराब न हो और अच्छी तरह से ग्रोथ होकर वो फूल उसमें आ सके।
9. गार्डन और गमलों के आस-पास सफाई रखें
सर्दियों के मौसम में जब ठंड बढ़ने लगती है, तो पौधों के आसपास सूखी पत्तियाँ और कचरा जमा होने लगता है। इसलिए आपको समय-समय पर पौधों के आसपास की सफाई करते रहना चाहिए। खासकर गमले की मिट्टी के ऊपर सूखी पत्तियाँ ज्यादा जमा न होने दें, क्योंकि इससे मिट्टी में नमी ज्यादा समय तक बनी रह सकती है और कीड़े या फंगस जैसी समस्या भी हो सकती है।
साथ ही पौधे की पत्तियों और तने को भी ध्यान से देखते रहें। कहीं कोई कीड़ा, रोग या पत्तियों पर किसी तरह का दाग तो नहीं दिखाई दे रहा है। अगर कोई खराब या सूखी पत्ती दिखाई दे, तो उसे साफ कर दें। इस तरह सर्दियों में पौधों की नियमित सफाई और निगरानी करते रहेंगे, तो पौधे स्वस्थ रखने में मदद मिलेगी।
10. हर कुछ दिन मे पूरे पौधों की जांच करते रहें
जब आप पौधे लगते है तो केवल पानी ,खाद को देखना ही पौधों की देखभाल नहीं होती है उसमें हर 2 से 3 दिन में पौधे को ध्यान से देखे कि उसमें कोई पत्तियाँ नई आ रही हैं कि नहीं आ रही हैं, पौधे की ग्रोथ पहले से कैसी है, पौधे की ग्रोथ ये धीरे बढ़ रही है कि नहीं बढ़ रही है, मिट्टी की नमी कितनी है, पत्ती पर कीड़े तो नहीं लग रहे हैं, पौधों पर कली आ रही हैं कि नहीं फूल आना चालू हुए हैं कि नहीं। ये सब आपको बिल्कुल ध्यान से देखना है, क्योंकि अगर ये समस्याएँ शुरू आती हैं तो आप इसका समाधान भी बहुत ही आसानी से कर सकते हैं, नहीं तो बात बहुत ज़्यादा मुश्किल होने लगती है।
सर्दियों मे फूलों के पौधों की देखभाल का आसान नियम
अगर आपको पूरी बाते याद रखने मे मुश्किल लगता है तो सर्दियों के फूलों के पौधों के लिए एक आसान नियम याद रखें:
धूप सही रखें +पानी जरूरत के अनुसार दें + पानी जमा ना होने दें +संतुलित खाद दें +सूखे फूल हटाएं +कीड़ों की जांच करते रहे +ज्यादा ठंड से पौधों को बचाएं |
इन बातों का ध्यान रखने से पौधों को स्वस्थ रखने मे मदद मिल सकती है और फूल भी आ सकते है
निषकर्ष
सर्दियों के फूलों वाले पौधों को लगाना जितना जरूरी है, उससे भी ज्यादा जरूरी है उनकी सही तरीके से देखभाल करना। केवल पौधा लगा देने से ही उसकी अच्छी ग्रोथ नहीं होगी और न ही उसमें भरपूर फूल आएंगे। आपको समय-समय पर पौधे की जरूरत के अनुसार पानी, खाद, हवा, रोशनी और सुरक्षा का ध्यान रखना होगा।
अगर आप ऊपर बताए गए इन 10 तरीकों को नियमित रूप से अपनाते हैं और पौधे की स्थिति को देखकर उसकी जरूरत के अनुसार देखभाल करते हैं, तो सर्दियों के मौसम में आपके पौधों पर लंबे समय तक अच्छे और खूबसूरत फूल आ सकते हैं।
लेकिन यहां एक बात का ध्यान रखना बहुत जरूरी है कि हर पौधे की जरूरत एक जैसी नहीं होती। किसी पौधे को ज्यादा धूप की जरूरत हो सकती है, किसी को कम पानी चाहिए, तो किसी पौधे को खाद की जरूरत हो सकती है। इसलिए हर पौधे को एक जैसा उपचार देने की गलती बिल्कुल न करें।
हम अपनी नर्सरी में भी जब पौधों की देखभाल करते हैं, तो सभी पौधों को एक जैसा पानी या खाद नहीं देते। पहले पौधे की स्थिति देखते हैं और फिर उसकी जरूरत के अनुसार देखभाल करते हैं। अगर किसी पौधे को खाद की जरूरत होती है, तो उसे खाद दी जाती है। किसी पौधे को पानी की जरूरत ज्यादा होती है, तो मिट्टी की स्थिति देखकर पानी दिया जाता है।
इसी तरह हर पौधे की देखभाल उसकी जरूरत के अनुसार अलग-अलग की जाती है। इसलिए आप भी अपने पौधे, मौसम, मिट्टी और गमले की स्थिति को देखकर ही उसकी देखभाल करें। अगर आप पौधे की जरूरत को समझकर सही समय पर सही देखभाल करेंगे, तो पौधे की ग्रोथ भी अच्छी होगी और उसमें भरपूर फूल आने की संभावना भी बढ़ जाएगी।